Friendship Poem in Hindi | दोस्ती पर कविता

Friendship Poem in Hindi: नमस्कार दोस्तों आज के इस लेख में हम आपके साथ दोस्ती पर कविता शेयर करने वाले है जिसको पढ़कर आपको दोस्ती के बारे में बहुत अच्छी फीलिंग आएगी. हर किसी के लाइफ में दोस्तों का होना बहुत जरुरी है.

बिना दोस्तों के लाइफ बहुत सुनी सुनी लगती है और इसी वजह से आज हम आपके लिए कुछ बेहद अच्छे और खूबसूरत फ्रेंडशिप पर पोएम शेयर करने जा रहे है.

तो चलिए दोस्तों बिना कोई टाइम बर्बाद करते हुए सीधे इस पोस्ट को स्टार्ट करते है.

Friendship Poem in Hindi

दोस्ती पर कविता

Friendship poem in hindi

1. ये हमारी दोस्ती

दोस्त हर दर्द का मरहम होता है
जब कोई नहीं होता तो वह साथ होता है
खुदा की रहमतओं का असर होता है
दो दिल एक जान होता है।।

खून के रिश्ते से ऊपर होता है
कभी भाई तो कभी सलाहकार होता है
गलत रास्ते पर ना जाने देता कभी मददगार होता है
खुशी में पास है तो दुख तकलीफ में भी साथ होता है।।

कभी करता मस्ती तो कभी हंसाता है
लड़ाई झगड़ा करना आम बात होता है
कभी गुस्सा करता है तो कभी मनाता भी है
दोस्तों वो खुशियों का सौदागर होता है।।

अंधेरों में वह खुशियों का रोशन चिराग होता है
प्यार का एहसास होता है
कोहिनूर बेशकीमती है तो वह हीरो की खान होता है
दोस्त जिंदादिल हमारी जान होता है।।

2. दोस्ती क्या है

सुख दुख में साथ रहे वी है दोस्ती
मां एक नहीं फिर भी सगे भाई से
बढ़कर माने वह है दोस्ती
मुसीबतों से लड़ जाए वह है दोस्ती ।।

सच्चा दोस्त मिलना मुश्किल है
पर जो सच्चाई का मतलब सिखाए वह है दोस्ती
दोस्त को बचाने के लिए दुश्मन से लड़ जाए वह है दोस्ती एक ही टिफिन में से खाना खाए वह है दोस्ती।।

हर फर्ज अपना निभाए वह है दोस्ती
मुश्किल डगर पर साथ ना छोड़े वह है दोस्ती
यादों के साथ जीवन जीने का सहारा है दोस्ती
दूर रहकर भी जो याद करें हमें उसका नाम है दोस्ती
अनूठा और प्यारा सा बंधन है दोस्ती।।

3. वो बचपन की दोस्ती

वो बचपन की दोस्ती भी कितनी अजीब हुआ करती थी
ना फिक्र किसी की बस मस्ती हुआ करती थी
स्कूल में जाना, बातें करना,मिट्टी में खेलना,
यादों की सौगात हुआ करती थी।।

टीचर के डांटने पर भी हंसना
लंच में एक साथ खाना खाना
परीक्षा में नकल करना
पकड़े जाने पर मुर्गा बनना
हर शरारत का हिस्सा बनना
वह बचपन की दोस्ती भी कितनी अजीब हुआ करती थी।।

जैसे-जैसे बड़े हुए सब छूट गए
रिश्ते अचानक से टूट जाए
वह बचपन की दोस्ती अब कहां रहती है
फोन कॉल पर बातें और व्हाट्सएप पर चैट रहती है।।

बचपन के किस्से याद नहीं बन गए
सपनों के बोझ तले सब दब गए
कुछ ना बचा दोस्ती का अब
सब दोस्त पीछे हटते चले गए
वह बचपन की दोस्ती भी कितनी अजीब हुआ करती थी।।

4. फ्रेंडशिप डे पर दोस्ती की कविता

ए दोस्त तुझे क्या दूं तू तो मेरी जान है
तुझ से ही तो मेरी पहचान है
रहता है जब तू उदास तो जाती मेरी जान है
बहुत मिले हैं राहों में पर तू सबसे खास है।।

दोस्ती की मिसाल कायम रखना है
दोस्त तू मेरा कोहिनूर ताज है
तेरी खुशियों की तलाश हमेशा रहती है
तू रहे सदा हंसता यही चाहत रहती है।।

मेरी खुशियां भी तुझे मिले यही रब से आस रहती है
लफ्जो में लिख दूं तू ऐसी शख्सियत कहां है
कद्र दिल से है इसलिए तू वहां है
दोस्तों बहुत हैं पर तुम उन सब में खास हो।।

तू मेरा दोस्त है यह मेरी किस्मत है
हर बात पर मजाक करना तेरी आदत है
ये दोस्ती रहे हमेशा ऐसे ही कायम
यही मेरी चाहत है।।

5. कुछ दोस्त

कुछ दोस्त होते हैं जो दगाबाज रहते हैं
कुछ दोस्त होते हैं जो साथ रहते हैं
स्कूल से कॉलेज तक का सफर भी तय करते
रहे – ए मुश्किल में हमसफर मददगार होते हैं।।

कुछ पीठ में छुरा घोपते है
तो कुछ अपने सीने पर जख्म खाते हैं
हर दोस्त एक सा नहीं होता
कुछ हितेषी तो कुछ बड़बोले होते हैं।।

समय पर जो साथ खड़ा हो
वही सच्चा दोस्त होता है
दूर रहकर भी जो दिल में रहता हो
बात न करने पर भी फर्क न पड़ता हो
पर हर मुश्किल में दौड़ कर आता है
वही सच्चा दोस्त परम मित्र होता है।।

गरीबी अमीरी का फर्क नहीं होता है
एक सुदामा तो एक कृष्णा होता है
बुलंदियों पर पहुंचाने पर भी
परछाई की तरह साथ होता है
कुछ दोस्तों का साथ ही बहुत खास होता है।।

6. कॉलेज के वह दिन

कॉलेज के वो दिन
जब दोस्तों की महफिल जमती थी
कभी शाम को चाय की चुस्की
कभी पार्क में शाम रंगीन होती थी।।

जब एक पर मुसीबत आए तो सारे लड़ जाते थे
प्यार मोहब्बत का सबक भी सिखलाते थे
कभी साथ मिलकर मजाक उड़ाते थे
तो कभी गमों में हंसा देते थे।।

दोस्ती की मिसाल दिलों की जान होते थे
लबों की हंसी महफिल की शान होते थे
दोस्तों के बिना सब कुछ अधूरा था
वह कॉलेज का सफर भी कितना सुहाना था।।

कुछ यार नहीं मिले तो कुछ बदल गए थे
जज्बात नहीं बदले पर वह दोस्त बदल गए थे
कुछ रिश्ते खास होते हैं पर दोस्ती में वह जज्बात होते हैं रहती है दिलों में जंवा सदा दोस्ती वह जान होती है
इससे ही तो हमारी पहचान होती है।।

7. दोस्ती का अनोखा बंधन

सब बदल जाते हैं दुनिया में सरकार की तरह
पर दोस्त रहता है हमेशा जिगरी यार की तरह
ना कोई रिश्ता ना कोई बंधन
यह तो होता है बस दिलों का संगम।।

कभी रूठना, कभी मनाना ,कभी लड़ना
दूर हो जाना पर मुश्किल आने पर साथ हो जाना
दर्द में हाथ मिलकर मुट्ठी हो जाना
वादे टूटते रहते हैं पर दोस्ती सदा निभाना
यही होता है दोस्तों का याराना।।

रिश्तो के बंधन में ना बंध कर
प्यार का बंधन निभाना
ऐसा ही होता है दोस्ती का जमाना।।

सदा साथ साथ रहना
एक दूसरे के राज छुपाना
कभी मम्मी से झूठ बोलकर घर से बाहर जाना
बहुत यादगार होता है यह याराना।।

8. तेरा यार हूं मै

तेरी हर खुशी है मुझसे
मेरी हर खुशी है तुझसे
तेरे सारे गमों का हकदार हूं
मैं तेरा यार हूं।।

हर मुश्किल में तेरा हाथ रहे
मैं चलूं तू मेरे साथ रहे
राहे दुनिया में तेरा प्यार रहे
तू मुझसे मिले मेरा यार रहे।।

खुशी में मैं ना तेरे साथ रहूं
पर गम में हमेशा साथ रहूं
तेरी हर तकलीफ सहु
साया बनकर परछाई रहूं।।

बुढ़ापे में भी दोस्ती जवां रहे
यह साथ यूं ही बना रहे
तेरा हाथ सदा कंधे पर रहे
दिल में यूं ही याद रहे
दूर दूर हो जाएं हम मगर
दिल में तू हमेशा याद रहे।।

9. दोस्ती एक अहसास

दोस्ती खूबसूरत एहसास होता है,
अमीरी गरीबी का भेद नहीं,
सबसे बड़ा हथियार होता है,
मजहब का यहां कोई बेर नहीं,
जात पात का कोई खेल नहीं,
सच्चे रिश्तो का दोस्ती से कोई मोल नहीं,
रिश्ते छोड़ जाते हैं मझधार में,
पर दोस्त कश्ती बचा लेते हैं मझधार से,
मयस्सर ही नहीं होती है नींदे,
जब दोस्ती की नहीं होती है जीवन में अमृत रूपी बूंदे,
दोस्तों को सदा अपने पास,
यह होते हैं सबसे खास।।

10.दोस्ती पर छोटी कविता

क्या लिखूं दोस्ती के बारे में
यह तो अनकहा प्यार है
हर दौलत से बड़ा
इनके पास बेशुमार प्यार है।।

कृष्ण ना सही पर सुदामा सा हर यार है
तन्हाइयों की भीड़ में अकेला नहीं छोड़ता
जिंदगी की रुसवाई में साथ नहीं छोड़ता
हमसफर हो या ना हो पर दोस्त कभी हाथ नहीं छोड़ता।।

तेरी दोस्ती ने मशहूर मुझे किया है
दोलत ना सही तेरी दोस्ती ने मुझे वह मुकाम दिया है।।

11. वह बचपन की दोस्ती

वो बचपन की दोस्ती याद आती है,
जब संग खेला करते थे,
जब स्कूल में लड़ा करते थे,
बारिश में भीगा करते थे,
उन गलियों में दौड़ा करते थे,
एक आवाज से घर से बाहर निकल जाया करते थे,
मैदानों में क्रिकेट खेला करते थे,
गैंग बनाकर लड़ने जाया करते थे,
दिवाली होली साथ मनाया करते थे,
वह बचपन की दोस्ती याद आती है,
गले में हाथ डाल कर चला करते थे,
मम्मी पापा के सामने शरीफ बना करते थे,
बाजारों में घूमने जाया करते थे,
कुल्फी खाया करते थे,
नदी में तैरने जाया करते थे,
वह बचपन की दोस्ती याद आती है,
जब झूला झूला करते थे,
मेले में जाया करते थे,
चाट भटूरे खाया करते थे
नकली बंदूक चलाया करते थे
वह बचपन की दोस्ती याद आती।।

12. आजकल दोस्ती का मतलब

अब दोस्ती का मतलब अलग सा हो गया है
पहले जैसा नहीं रहा रिश्ता बोझ हो गया है
मिलने नहीं आता कोई बात नहीं करता
जब मिलते हैं तो नजरें चुराया करते है।।

हाय हेलो से ज्यादा बात नहीं होती
मतलब से साथ रहते हैं सब
अब वो मुलाकात नहीं होती
पैसों के लिए हाथ रहते हैं
मुसीबत में छोड़कर भाग जाते है
टाइम पर काम नहीं आते हैं
अब दोस्ती का मतलब अलग सा हो गया है।।

दोस्ती का रिश्ता स्वार्थ से हो गया है
धोखा देना अब आम हो गया है
पुराने दोस्त कहां रहते हैं अब
दोस्ती का सिर्फ नाम हो गया है
अब दोस्ती का मतलब अलग सा हो गया है।।

13. पता नहीं था दोस्ती हों जाएगी

पता नहीं था दोस्ती हो जाएगी,
जब तेरे साथ स्कूल में बैठा करता था,
वो पहला दिन आज भी याद आता है,
जब हम स्कूल जाया करते थे,
दोनों साथ साथ बैठा करते थे,
कोई तीसरा आ जाए तो चिढ़ जाया करते थे,
लंच में साथ खाना खाया करते थे,
तुम मेरे घर मैं तेरे घर खेलने जाया करते थे,
टीचर का मजाक बनाया करते थे,
मस्ती बहुत करते थे,
पर सबसे प्यार जताया करते थे,
स्कूल से भाग जाया करते थे,
बारिश आने पर नहाया करते थे,
स्कूल ना जाने पर मार खाया करते थे,
पेट दर्द का बहाना बनाया करते थे,
वह दिन आज भी याद आते हैं।।

14. दोस्त तेरे जाने के बाद

तेरे दूर जाने के बाद जैसे जिंदगी में मजा ना रहा,
तस्वीरों में तेरा चेहरा रहा पर तू साथ मेरे कभी ना रहा।।

हर वह बात याद आती है जो तू ने कही थी
मस्ती के वह दिन याद आते हैं जो साथ में बिताए थे।।

वो खेल याद आते हैं जो हमने खेले थे
पर अब कुछ पहले सा ना रहा तू मेरा यार ना रहा।।

उम्मीदों के बोझ तले दब गई जिंदगी
अब पहले जैसा वह संसार ना रहा।।

घर की जिम्मेदारी में यह ख्याल ना रहा
तेरी यादों उम्मीदों का कोई सहारा ना रहा।।

तू दोस्त तो था मेरा मगर अब तू मेरा यार ना रहा
पहले जैसा अब वो प्यार ना रहा खुशियों वाला संसार ना रहा।।

आपकी और दोस्तों

तो दोस्तों ये था दोस्ती पर कविता( Friendship poem in hindi), हम उम्मीद करते है की ये सभी कवितायेँ आपको जरुर पसंद आई होगी. यदि हां तो पोस्ट को १ लाइक जरुर करे और अपने दोस्तों के साथ भी शेयर करना ना भूले.

आपको हमारी ये कवितायेँ कैसी लगी इसके बारे में हमारे साथ कमेन्ट में शेयर करे. धन्येवाद दोस्तों|

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